- एमपी बजट 2026-27: सिंहस्थ के लिए 13,851 करोड़ का प्रस्ताव, उज्जैन में 3,060 करोड़ के नए विकास कार्य; 4.38 लाख करोड़ के कुल बजट में सिंहस्थ और इंफ्रास्ट्रक्चर पर विशेष फोकस
- महाशिवरात्रि पर महाकाल में आस्था का सैलाब: 2 दिन में 8 लाख से ज्यादा श्रद्धालु पहुंचे, शीघ्र दर्शन से 62.50 लाख की आय; 1.95 करोड़ के 410.6 क्विंटल लड्डू प्रसाद की बिक्री
- महाकाल मंदिर में तड़के भस्म आरती, सभा मंडप से गर्भगृह तक गूंजा “जय श्री महाकाल”: स्वस्ति वाचन के बाद खुले चांदी के पट, पंचामृत अभिषेक और भव्य श्रृंगार के साथ हुए दिव्य दर्शन!
- महाशिवरात्रि पर महाकाल को अर्पित हुआ पुष्प सेहरा, दोपहर में हुई विशेष भस्म आरती; चार प्रहर पूजन के बाद हुआ दिव्य श्रृंगार
- उज्जैन में विक्रमोत्सव 2026 की शुरुआत: महाशिवरात्रि से 19 मार्च तक चलेगा सांस्कृतिक महापर्व, सीएम डॉ. मोहन यादव ने किया उद्घाटन; ‘शिवोह्म’ संगीत संध्या से सजी पहली शाम
होली तो खेलेंगे..!:काेरोना से बचाव के लिए मेडिकल स्टूडेंट्स ने उज्जैन में PPE किट पहनकर खेली होली, उड़ाया रंग गुलाल
सोमवार को देशभर में होली पर्व की धूम रही। कोरोना संक्रमण के बाद भी लोगों ने होली का पर्व धूमधाम से मनाया। सड़कों पर नहीं निकल पाए तो मोहल्ले में ही एक-दूसरे को जमकर रंग-गुलाल से सराबोर किया। उज्जैन में जगह-जगह होली पर लोग एक-दूसरे को रंगते नजर आए। हालांकि टावर चौराहे पर एक अचंभित करने वाला नजारा देखने को मिला। यहां पर कुछ लोग पीपीई किट पहनकर पहुंचे और जमकर गुलाल उड़ाया। उनका कहना था कि वे उज्जैन के लोगों को कोरोना से बचाने के लिए जागरूक कर रहे थे। इसी कारण उन्होंने पीपीई किट पहनकर होली मनाई। उन्होंने संदेश दिया- बिना मास्क के कोरोना से बचाव नहीं… बता दें कि 24 घंटे के भीतर उज्जैन में 72 नए मरीज मिले हैं। वहीं, अब तक का कुल आंकड़ा 6173 तक पंहुच गया है।
पीपीई किट की होली खेलते देख लोग हुए अचंभित
प्रशासन ने होली को लेकर गाइडलाइन जारी की थी कि शहर में किसी प्रकार के सामूहिक आयोजन नहीं होंगे, ना ही कोई बिना कारण घर से बाहर निकलेगा। इस बार लोग अपने परिवार के साथ होली का आनंद उठाएं। हालांकि इस बीच फ्रीगंज क्षेत्र में टावर चौराहे पर कुछ अचंभित करने वाला नजारा दिखाई दिया। यहां पर मेडिकल के कुछ छात्र पहुंचे और सड़क किनारे मौजूद एक दुकान से रंग और गुलाल खरीदा। इसके बाद उन्होंने किट में ही रंग उड़ाना शुरू कर दिया। काफी देर तक यहां होली खेलने के बाद वे रवाना हो गए।
पीपीई किट पहनकर संदेश देने की कोशिश
पीपीई किट पहनकर होली खेलने वालों का कहना था कि वे किट पहनकर यह संदेश देना चाह रहे थे कि लोग होली का पर्व मनाएं, लेकिन कोरोना से बचाव जरूर करें। मास्क जरूर पहनें… सोशल डिस्टेंसिंग रखें। बिना मास्क के घर से बाहर नहीं निकले। हम सभी मेडिकल के छात्र हैं। लोगों को जागरूक करने के लिए हमने पीपीई किट पहना था। हमारा यहीं संदेश है कि कोराेना से बचना है तो मास्क पहनना जरूरी है।